धनिष्ठा नक्षत्र
धनिष्ठा, मृदंग — मंगल द्वारा शासित एवं धन-दायक वसु देवता वाला, लय, संगीत एवं समृद्धि का तारा है। इसके जातक जीवंत, उदार एवं लय के धनी होते हैं — संगीत, धन एवं सामाजिक जीवन तीनों में।
मुख्य तथ्य
| स्वामी ग्रह | मंगल |
| देवता | अष्ट वसु (समृद्धि के देव) |
| प्रतीक | मृदंग / बाँसुरी |
| गण | राक्षस |
| लिंग | स्त्री |
| नाड़ी | मध्य (पित्त) |
| योनि (पशु) | सिंह |
| राशि एवं विस्तार | 23°20' मकर – 6°40' कुंभ |
मुख्य लक्षण
- लयबद्ध, संगीतमय एवं जीवंत
- समृद्ध एवं उदार
- मिलनसार एवं आशावादी
- भौतिकवादी या बेचैन हो सकता है
करियर एवं शक्तियाँ
संगीत एवं प्रदर्शन कला, वित्त एवं धन-प्रबंधन, भूमि-भवन, खेल एवं सामूहिक उद्यम धनिष्ठा के अनुकूल हैं।
उपाय
- स्वामी ग्रह मंगल को बल दें (देखें मंगल के उपाय)
- नक्षत्र देवता अष्ट वसु का पूजन करें
- नक्षत्र मंत्र का जाप करें एवं प्रति मास अपने जन्म-नक्षत्र दिवस पर उसका सम्मान करें