आज का चौघड़िया

मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 · Varanasi
🌅 सूर्योदय 6:03 AM🌇 सूर्यास्त 5:21 PM
⚠️ अशुभ अवधियाँ (नया कार्य न करें)
राहु काल
2:32 PM – 3:56 PM
यमगंड
8:52 AM – 10:17 AM
गुलिक काल
11:42 AM – 1:07 PM
दिन चौघड़िया
रोग (मंगल)
6:03 AM – 7:27 AMत्याग
उद्वेग (सूर्य)
7:27 AM – 8:52 AMत्याग
चर (शुक्र)
8:52 AM – 10:17 AMसामान्य
लाभ (बुध)
10:17 AM – 11:42 AMशुभ
अमृत (चन्द्र)
11:42 AM – 1:07 PMशुभ
काल (शनि)
1:07 PM – 2:32 PMत्याग
शुभ (गुरु)
2:32 PM – 3:56 PMशुभ
रोग (मंगल)
3:56 PM – 5:21 PMत्याग
रात्रि चौघड़िया
काल (शनि)
5:21 PM – 6:56 PMत्याग
शुभ (गुरु)
6:56 PM – 8:32 PMशुभ
रोग (मंगल)
● अभी8:32 PM – 10:07 PMत्याग
उद्वेग (सूर्य)
10:07 PM – 11:42 PMत्याग
चर (शुक्र)
11:42 PM – 1:17 AMसामान्य
लाभ (बुध)
1:17 AM – 2:52 AMशुभ
अमृत (चन्द्र)
2:52 AM – 4:27 AMशुभ
काल (शनि)
4:27 AM – 6:03 AMत्याग

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात्रि (सूर्यास्त से सूर्योदय) को प्रत्येक आठ बराबर भागों में बाँटता है। हर भाग एक चौघड़िया है, जिसका स्वामी एक ग्रह होता है और उसका एक निश्चित गुण होता है — शुभ, सामान्य या अशुभ। पूर्ण मुहूर्त निकाले बिना दैनिक कार्य — यात्रा, खरीद, बैठक — के लिए शुभ समय ढूँढने का यह सबसे तेज़ तरीका है।

सात चौघड़िया

  • अमृत (चंद्र) — सर्वश्रेष्ठ; सभी कार्यों हेतु शुभ।
  • शुभ (गुरु) — शुभ; संस्कार, महत्वपूर्ण कार्य।
  • लाभ (बुध) — लाभ; व्यापार, अध्ययन।
  • चर (शुक्र) — चंचल/सामान्य; यात्रा, नित्य कार्य।
  • रोग (मंगल) — त्याज्य; रोग, कलह।
  • काल (शनि) — त्याज्य; हानि।
  • उद्वेग (सूर्य) — त्याज्य; चिंता, केवल राजकीय कार्य।

अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं; चर सामान्य (प्रयोग योग्य) है; रोग, काल और उद्वेग नए कार्यों हेतु टाले जाते हैं।

दिन एवं रात्रि चौघड़िया

आठ दिन के भाग सूर्योदय से और आठ रात्रि के भाग सूर्यास्त से चलते हैं — इसलिए हर चौघड़िया की घड़ी-अवधि आपके स्थान और तिथि पर दिन/रात की लंबाई पर निर्भर करती है। दिन का प्रारंभिक चौघड़िया वार से तय होता है।

चौघड़िया का उपयोग

अमृत, शुभ या लाभ का ऐसा समय चुनें जो राहु काल, यमगंड और गुलिक से मुक्त हो (ऊपर दिखाया गया)। घंटेवार सूक्ष्म समय हेतु होरा देखें, और तिथि-नक्षत्र हेतु आज का पंचांग पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दैनिक कार्य — यात्रा, खरीद, बैठक — के लिए अमृत, शुभ या लाभ चौघड़िया चुनकर शीघ्र शुभ समय ढूँढने हेतु, बिना पूर्ण मुहूर्त निकाले।

अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं; चर सामान्य है; रोग, काल और उद्वेग नए कार्यों हेतु त्याज्य हैं।

हाँ — यह स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त से मापा जाता है, इसलिए घड़ी-समय स्थान और तिथि से भिन्न होते हैं। ऊपर अपना स्थान चुनें।

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