ज्येष्ठा नक्षत्र
ज्येष्ठा का अर्थ 'सबसे बड़ा' — वरिष्ठता, अधिकार एवं गुप्त शक्ति का तारा। बुध द्वारा शासित एवं इंद्र देवता वाला, इसके जातक सक्षम एवं रक्षात्मक नेता होते हैं जो उत्तरदायित्व वहन करते हैं, यद्यपि प्रायः एक सतर्क, अंतर्मुखी आवरण के पीछे।
मुख्य तथ्य
| स्वामी ग्रह | बुध |
| देवता | इंद्र (देवराज) |
| प्रतीक | कुंडल / छत्र / ताबीज़ |
| गण | राक्षस |
| लिंग | स्त्री |
| नाड़ी | आदि (वात) |
| योनि (पशु) | मृग |
| राशि एवं विस्तार | 16°40'–30°00' वृश्चिक |
मुख्य लक्षण
- सक्षम, ज़िम्मेदार एवं रक्षात्मक
- अधिकार-संपन्न एवं आत्मनिर्भर
- सूक्ष्मदर्शी एवं रणनीतिक
- गोपनीय या बोझिल अनुभव कर सकता है
करियर एवं शक्तियाँ
प्रशासन, सेना एवं पुलिस, प्रबंधन, अभियांत्रिकी तथा कोई भी उत्तरदायित्व या रक्षा वाला कार्य ज्येष्ठा के अनुकूल है।
उपाय
- स्वामी ग्रह बुध को बल दें (देखें बुध के उपाय)
- नक्षत्र देवता इंद्र का पूजन करें
- नक्षत्र मंत्र का जाप करें एवं प्रति मास अपने जन्म-नक्षत्र दिवस पर उसका सम्मान करें