मघा नक्षत्र
मघा, सिंहासन — केतु द्वारा शासित एवं पितर देवता वाला, राजसत्ता, सम्मान एवं वंश का तारा है। इसके जातक गरिमामय, स्वाभिमानी एवं शक्ति तथा परंपरा की ओर आकर्षित होते हैं, अपने मूल से प्रबल जुड़ाव सहित।
मुख्य तथ्य
| स्वामी ग्रह | केतु |
| देवता | पितर (पूर्वज) |
| प्रतीक | राजसिंहासन |
| गण | राक्षस |
| लिंग | स्त्री |
| नाड़ी | अंत्य (कफ) |
| योनि (पशु) | मूषक |
| राशि एवं विस्तार | 0°00'–13°20' सिंह |
मुख्य लक्षण
- गरिमामय, स्वाभिमानी एवं अधिकार-संपन्न
- परंपरावादी एवं औपचारिक
- अनुयायियों के प्रति उदार
- प्रतिष्ठा-सजग या अहंकारी हो सकता है
करियर एवं शक्तियाँ
नेतृत्व एवं प्रशासन, सरकारी सेवा, विधि, धरोहर एवं पैतृक कार्य, तथा कोई भी अधिकार-पद मघा के अनुकूल है।
उपाय
- स्वामी ग्रह केतु को बल दें (देखें केतु के उपाय)
- नक्षत्र देवता पितर का पूजन करें
- नक्षत्र मंत्र का जाप करें एवं प्रति मास अपने जन्म-नक्षत्र दिवस पर उसका सम्मान करें