रोहिणी नक्षत्र

रोहिणी, चंद्रमा का प्रिय नक्षत्र, वृद्धि, सौंदर्य एवं समृद्धि का तारा है। इसके जातक आकर्षक, कलात्मक एवं भौतिक रूप से समृद्ध होते हैं, सुख, प्रकृति एवं जीवन की उत्तम वस्तुओं से प्रेम सहित।

मुख्य तथ्य

स्वामी ग्रहचंद्र
देवताब्रह्मा / प्रजापति (सृष्टिकर्ता)
प्रतीकरथ / बैलगाड़ी
गणमनुष्य
लिंगस्त्री
नाड़ीअंत्य (कफ)
योनि (पशु)सर्प
राशि एवं विस्तार10°00'–23°20' वृषभ

मुख्य लक्षण

  • आकर्षक, मोहक एवं कलात्मक
  • भौतिक रूप से समृद्ध एवं व्यावहारिक
  • सुख-प्रिय एवं संवेदनशील
  • कभी अधिकार-भाव या हठी

करियर एवं शक्तियाँ

कृषि, भोजन एवं डेयरी, कला, फ़ैशन, विलासिता-वस्तुएँ, वित्त एवं भूमि-भवन रोहिणी की वृद्धि एवं सौंदर्य के अनुकूल हैं।

उपाय

  • स्वामी ग्रह चंद्र को बल दें (देखें चंद्र के उपाय)
  • नक्षत्र देवता ब्रह्मा / प्रजापति का पूजन करें
  • नक्षत्र मंत्र का जाप करें एवं प्रति मास अपने जन्म-नक्षत्र दिवस पर उसका सम्मान करें